जालौन को नया जंक्शन बनाने सहित कई मांगें बुलंद कर सांसद भानु वर्मा ने लोकसभा में दिखाया नया रूप

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जालौन(ब्यूरो)-
 स्थानीय सांसद भानु प्रताप सिंह वर्मा ने रेल बजट के आम बजट में शामिल हो जाने के पश्चात पहली बार पेश हुए संयुक्त बजट पर चर्चा करते हुए अपने संसदीय क्षेत्र में विकास की रेल चलाने के लिये पन्द्रह सूत्रीय माँगों को लोक सभा के पटल पर रखा। जिसमें जालौन को जंक्शन बनाते हुए भिन्ड व फफूंद से अलग अलग लाइनों से जोड़ते हुए उरई तक ले जाने के साथ पुखरांया में इन्दौर-पटना एक्सप्रेस दुर्घटना में मारे गये मृतकों को श्रद्धांजलि स्वरुप पुखरांया में रेल कोच फैक्टी की मांग मुख्य आकर्षण रहीं।

संसद में अपनी मांग रखने के बाद मीडिया को भेजे अपने संदेश में भाजपा सासंद भानु वर्मा ने कहा कि रेल विकास की धमनी है और इस देश में जहां जहां रेल पहुंची वहां के विकास की रफ्तार चार गुणा बढ़ गई, मगर मेरे संसदीय क्षेत्र में लगभग सिर्फ 85 किमी की रेल लाइन है, जिस कारण मेरे क्षेत्र के विकास की गति आजादी के बाद से मंदी पड़ी हुई थी। यहां रेलमार्ग का औसत 4 किलोमीटर प्रति 100 वर्ग किलोमीटर है जो देश के औसत से बहुत पीछे है। अगर वाजपेयी सरकार झांसी कानपुर राजमार्ग की निर्माण नहीं करवाती तो शायद यह देश के सबसे पिछड़े जनपदों में से एक होता।

पिछले दस साल से यह राजमार्ग हमारे विकास का जरिया बना हुआ था न तो तत्कालीन केन्द्र सरकार ने इसकी खबर ली और न ही राज्य में बैठी सरकारों ने। जैसे ही भाजपा दुबारा केन्द्र में आई उसने बुन्देलखंड की दुर्दशा समझते हुए भिंड-कोंच और उरई महोबा रेल लाइन की घोषणा कर यह स्पष्ट कर दिया था कि वह बुन्देलखंड का सर्वागींण विकास चाहती है। मगर तब की सपा सरकार ने संयुक्त उपक्रम के आधार पर होने वाले इस निर्माण में जरा भी दिलचस्पी नहीं दिखाई यही कारण है उक्त लाइनों का निर्माण सही समय पर संभव नहीं हो सका। मगर अब प्रदेश में भाजपा सरकार आ जाने के बाद मेरी प्राथमिकता विकास के मार्ग में कोई रोड़ा नहीं बचा है। अब जल्द ही इन समस्याओं का हल निकलेगा और इन लाइनों का निर्माण कार्य शीघ्र शुरु हो जायेगा।

लोक सभा में रेल के लिये पन्द्रह सूत्रीय मांग रखते हुए भानु वर्मा ने अपनी मांग के वकतव्य को सभा पटल पर रखते हुए मांग की कि इंदौर पटना एक्सप्रेस दुर्घटना में मारे गये यात्रियों को श्रद्धांजलि देते हुए पुखरांया में एक रेल कोच फैक्ट्री की स्थापना की जाये, जिसमें उन्नत सुरक्षा के डिब्बों का निर्माण किया जाये। इसके अलावा रेलवे कनेक्टिविटी से वंचित जालौन के लिये उन्होंने मांगा कि कि मेरे संसदीय क्षेत्र की महत्वपूर्ण तहसील जालौन को भी रेल मार्ग से जोड़े जाने की आवश्यकता है, जिसके लिये कोंच-जालौन-औरैया-फफूंद रेल मार्ग तथा भिंड-माधौगढ़-जालौन-उरई रेल मार्ग, जिनका सर्वे पूरा कर लिया गया है, इसका निर्माण कराया जाए. मैं सदैव से उक्त लाईनों की माँग करता आया हूँ। इस मांग पर गंभीरता से विचार किया जाना चाहिये और इस लाइन के निर्माण में शीघ्रता से कार्य प्रारंभ होना चाहिये। इस मांग के माध्यम से भानु वर्मा का प्रयास जालौन को जंक्शन के रुप में स्थापित करने का है। जो उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश को सीधा जोड़ने का काम करेगी।

इसके अलावा जनपद मुख्यालाय उरई में राठ रोड पर बने फ्लाई ओवर के साथ पैदल व रिक्शा चालकों के लिये एक सब बे बनाने की मांग भी की जिसके माध्यम से उरई के पैदल यात्रियों एवं साईकिल सावारों को सुगमता मिलेगी। इसके साथ ही उरई में रिनियां फाटक पर फ्लाई ओवर के निर्माण की मांग भी उनके वकतव्य में शामिल रहा। पिछले रेल बजट में पूंजी निवेश कार्यक्रम के अंतर्गत पास हुए संयुक्त उपक्रम के आधार पर कोंच-भिंड तथा उरई-महोबा लाइनों के प्रस्ताव के लिये रेल मंत्रालय जल्द से जल्द इन लाईनों के निर्माण के लिए राज्य सरकारों से वार्ता करने की मांग को वरीयता प्रदान करने के साथ भानु वर्मा ने उक्त लाइनों की निर्माण के मार्ग को प्रशस्त कर दिया।

इसके अलावा सत्र से पूर्व स्टेशनों की स्थिति का चुपचाप जायजा लेकर आये सांसद निर्माण कार्यों के अन्तर्गत एट जंक्शन पर प्रथम श्रेणी प्रतीक्षालय समेत एक ऊपरी पैदल पुल के साथ कानपुर झांसी रेल मार्ग के सभी स्टेशनों पर न्यूनतम दो प्लेटफाॅर्मों के निर्माण की मांग को भी अपनी मांगों में शामिल किया। कालपी को पर्यटक स्थल की बनाने की कोशिश में एक और बिन्दु जोड़ते हुए कालपी स्टेशन पर एक पर्यटक सहायता केन्द खोलने की भी मांग रखी। इसके अलावा उरई स्टेशन पर हाई स्पीड वाई-फाई की मांग करके सांसद ने युवा यात्रियों को सौगात देने की कोशिश की है। वहीं उरई में ही रेल यात्री निवास के साथ कोंच स्टेशन की ऊँचाई बढ़ाने की माँग भी इसी बिन्दु में शामिल रही।

इसके अलावा गाड़ियों के नजरिये से सांसद ने उरई स्टेशन पर लखनऊ-भोपाल गरीबरथ एक्सप्रेस (12593 अप एवं 12594 डाउन), ऐट जंक्शन पर इंदौर पटना एक्सप्रेस ( 19322 अप एवं 19321 डाउन), राप्ति सागर एक्सप्रेस (12511 अप व 12512 डाउन) व लखनऊ चेन्नई एक्सप्रेस (16094 अप एवं 16093 डाउन), पुखराँया स्टेशन पर इंदौर पटना एक्सप्रेस ( 19322 अप एवं 19321 डाउन) एवं राप्ति सागर एक्सप्रेस (12511 अप व 12512 डाउन) के ठहराव बढ़ाए जाने की मांग भी की, जिससे इन स्टेशनों के यात्रियों को सीधे लंबी दूरी की गाड़ियों से जुड़ाव मिल सकेगा। इनके साथ पिछले कई महिनों बिगड़ी समय सारणी के कारण अलोकप्रिय हो चुकी ग्वालियर बरौनी मेल को एक्सप्रेस में अपग्रेड करते हुए इसमें पेंट्री कार की सुविधा प्रारंभ किये जाने के साथ लगभग रोज रद्द रहने वाली झाँसी-लखनऊ पैसेंजर (51813 अप व 51812 डाउन) जो काफी दिनों से रद्द चल रही है, का संचालन पुनः प्रारंभ किये जाने की भी वकालत की।

कुल मिलाकर पूरे क्षेत्र को पन्द्रह सूत्रों समेटकर सांसद ने क्षेत्रीय जनता को विधानसभा चुनाव में जीत का कर्ज चुकाने का प्रयास किया है। इन क्षेत्रीय मांगों के अतिरिक्त महिला कोचों व स्टशनों पर सीसीटीवी कैमरे लगाकर रेलवे में अवांछनीय तत्वों को रोकने की भी पहल कर डाली है। वहीं डिजीटल इण्डिया के अन्तर्गत कुलियों की आॅनलाइन बुकिंग प्रारंभ करने का आइडिया भी उनके वकतव्य का आकर्षण रहा।

रिपोर्ट- अनुराग श्रीवास्तव

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