अधिकारी के आदेश के बाद भी नहीं हुआ अतिक्रमण मुक्त मुसरीघरारी चौराहा

0
211

समस्तीपुर (ब्यूरो)- मुसरीघरारी चौक के अतिक्रमण मुक्ति के लिए अनुमंडल लोक शिकायत निवारण केन्द्र में एक सबभ्रांत व्यक्ति द्वारा 6 महीने पूर्व आवेदन दिया गया था। सुनवाई के बाद शीघ्र अतिक्रमण मुक्त करने का आदेश दिया गया। आदेश मिलने के बाद भी सीओ के द्वारा अतिक्रमण मुक्त नही कराये जाने के बाद आवेदनकर्ता ने द्वितीय अपील की। इस अपील में भी अतिक्रमण खाली कराने का आदेश सरायरंजन सीओ को दिया गया। फिर भी अतिक्रमण नही खाली करवाए सीओ। आवेदनकर्ता ने तृतीय अपील की।

इस अपील में भी अतिक्रमण खाली कराने का आदेश सीओ को दिया गया। इसके बावजूद सरायरंजन सीओ द्वारा मुसरीघरारी चौक पर से अतिक्रमण मुक्त नही करा सके। 6 महीना दौड़ने के बाद भी आवेदनकर्ता ने हार नही मानी। चौथी बार ज़िलाधिकारी के लोक शिकायत केंद्र में अपील किया। सरायरंजन सीओ के द्वारा ज़िलाधिकारी को बताया गया कि 20 मार्च को मुसरीघरारी चौक को अतिक्रमण मुक्त करा देंगे। लेकिन 20 मार्च को भी अतिक्रमण मुक्त नही कराया गया। ज़िलाधिकारी के यहां 6 अप्रैल को सुनवाई हुई।

सुनवाई के दौरान सरायरंजन सीओ ने ज़िलाधिकारी से कहा कि 7 अप्रैल को मुसरीघरारी चौक का अतिक्रमण खाली करवा दिया जाएगा । लेकिन 7 अप्रैल को भी अतिक्रमण खाली नही हो सका। अब देखना है की मुसरीघरारी चौक के अतिक्रमण संबंधित जनहित के इस काम को प्रशासन करने में कितना सक्षम हो पाता है। इस सर्वविदित तथ्य है की मुसरीघरारी चौक पर अतिक्रमण के कारण दिन में कई बार सड़क जाम का नज़ारा उत्पन्न हो जाता है। दिन भर यात्रियों को आने जाने में घंटों जाम में फसा रहना पड़ता है।

आला अधिकारी, मंत्री के आने की सूचना मिलते ही मुसरीघरारी पुलिस द्वारा तरकीब लगाकर और धमकी देकर हाकिम को जाने के लिए रास्ता तो खाली करवा देते हैं लेकिन आमजन की सुध लेने वाला यहां कोई नही है। मुसरीघरारी चौराहा दिन रात दुर्घटना का केन्द्र बना हुआ है इसके बावजूद अतिक्रमण मुक्त नही किये जाने से आमजनों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है।

रिपोर्ट- रंजीत कुमार 

Advertisements

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here