चाहे भारत की पूरी फौज क्यों न लग जाये आतंकियों से कश्मीर की सुरक्षा नहीं की जा सकती – फारुख अब्दुला (पूर्व मुख्यमंत्री जम्मू कश्मीर)

0
492

जम्मू- जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री फारूख अब्दुल्ला ने कहा है कि पूरी की पूरी भारतीय फौज भले ही लग जाये लेकिन जम्मू-कश्मीर की सुरक्षा आतंकवादियों से नहीं कर सकती है I फारूख अब्दुला का यह बयान सेना के मनोबल को गिराने वाला माना जा रहा है I

आपको बता दें कि फारूख अब्दुला जम्मू कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री रह चुके है और नेशनल कांफ्रेंस के संस्थापक शेख अब्दुल्लाह के बेटे है I शेख अब्दुल्लाह वही है जिन्होंने जम्मू-कश्मीर के महाराजा हरी सिंह के खिलाफ आज़ादी का बिगुल जम्मू-कश्मीर में फूंका था I

फारूख अब्दुला मनमोहन सिंह सरकार में केंद्र में मंत्री भी रह चुके है I इन्होने नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय के मंत्री के रूप में 28 मई 2009 से लेकर 26 मई 2014 तक कार्यभार संभाला था I ऐसे में फारूख अब्दुल्लाह का इस तरह से बेबुनियाद बयान देना सेना के मजबूत मनोबल को गिराने वाला माना जा सकता है I

फारुख अब्दुल्लाह के बेटे उमर अब्दुल्लाह भी जम्मू-कश्मीर राज्य में कांग्रेस के साथ गठबंधन करके मुख्यमंत्री रह चुके है I

आपको बता दें कि ऐसा पहली बार नहीं है कि जब फारुख अब्दुल्लाह ने कोई विवादित बयान दिया है I इससे पहले शुक्रवार को ही फारुख ने अपने एक बयान में कहा था कि पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (POK) कभी भी भारत का हिस्सा नहीं हो सकता है वह पाकिस्तान के ही पास है और रहेगा I साथ ही उन्होंने यह भी कहा था कि भारत के पास जो जम्मू-कश्मीर है वह भारत के ही पास रहेगा I

आपको बता दें कि जम्मू-कश्मीर राज्य का बटवारा वर्ष 1947 में ही हो चुका था और भारत सरकार और जनता दोनों ही कश्मीर को अपना अभिन्न अंग बताती है I भारत सरकार ने संसद में प्रस्ताव पारित करके यह साफ़ कर दिया है कश्मीर का जो हिस्सा पाकिस्तान के पास है वह भी भारत का ही रहेगा I और यहाँ पर इस बात का भी उल्लेख कर दिया जाना उचित होगा कि जम्मू-कश्मीर का मामला आज भी यूनाइटेड नेशन की अदालत में पेंडिग है I

फारुख अब्दुल्लाह ने शुक्रवार को दिए अपने बयान को यह कहकर सही साबित करने की कोशिस की है कि जब पंडित अटल बिहारी वाजपेई की सत्ता थी और उन्होंने लाहौर की यात्रा की थी तब उन्होंने वहाँ के तत्कालीन सैनिक तानाशाह जनरल परवेज मुशर्रफ से कहा था कि जो कश्मीर आपके पास है आप उसे ले लीजिये और कश्मीर का भू-भाग हमारे पास है वह हम ले लेते है और इतने वर्षों से पेंडिग पड़े इस मामले को हल करते है I

फारुख ने कहा लेकिन उस समय जनरल परवेज मुशर्रफ ने अटल बिहारी वाजपेई की इस बात को मानने से इंकार कर दिया था और आज पाकिस्तान इस बात पर तैयार है कि जम्मू-कश्मीर जो उसके पास है उसे वह रखे और जो कश्मीर भारत के पास है वह भारत के ही पास रहे तो भारत सरकार बात-चीत नहीं करना चाहती है I

Advertisements

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here