मन्दिर के ऊपर लगे त्रिशूल के अक्ष बदलतें है दिशा

0
80

लालगंज, रायबरेली। पुरनिया लोगो की माने तो बाबा बाल्हेश्वर मन्दिर के शीर्ष का त्रिशूल मंद गति से हमेशा घूर्णन किया करता है अर्थात अक्ष पर चक्रण किया करता है किन्तु आम तौर पर लोगों को यह बात किसी आश्चर्य से कम न लगी। किन्तु प्रतिदिन रायबरेली जाने वाले एक मीडियाकर्मी ने लगातार एक ही स्थान से उस त्रिशूल की दिशा को लगातार 6 माह तक अध्ययन करने के पश्चात उसने भी त्रिशूल के अक्षों के घूमने की बात को माना। बाबा भोलेनाथ में इतनी शक्ति है कि वे मन्दिर के त्रिशूल तो क्या नाराज हो गये तो ब्रहाण्ड को भी घुमा कर रख सकतें हैं। लेकिन आज के वैज्ञानिक व तकनीकी युग में यह बात सुनकर लोगों को अचम्भा जरुर हो रहा है।
रिपोर्ट राजेश यादव

हिंदी समाचार- से जुड़े अन्य अपडेट लगातार प्राप्त करने के लिए लाइक करें हमारा फेसबुक पेज और आप हमें ट्विटर पर भी फॉलो कर सकते हैं |

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here