बच्चों के हाँथ में जबरन इंजेक्शन लगाकर भगा संदिग्ध

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पुरवा, उन्नाव : विद्यालय प्रबन्धक की लापरवाही के चलते संदिग्ध युवको ने स्कूल की बाउण्ड्री वालफान्द कर कक्षा तीन के तीन अबोध छात्रों को कलास से बाहर बुलवाकर बच्चों के हाथो में जबरन संदिग्ध इन्जेक्शन लगाकर भाग गये। विद्यालय से घर पहुंचे बच्चों के हाथो मे दर्द और जलन पैदा हो गयी परिजनो ने जब बच्चों से पूछा तो डरे सहमे बच्चों ने पूरा वाक्या बताया जिससे परिजनों के हाथ पाव फूल गये और स्थानीय सी0एच0सी0 बच्चों को लेकर पहुंचे और डाक्टरों को पूरी बात बताकर विद्यालय प्रबन्ध को भी जानकारी दी तो वह भी सी.एच.सी. पहुंचे गये।

प्राप्त विवरण के अनुसार मामला कोतवाली क्षेत्र से सेटगांव मिर्रीखेड़ा रोड पर स्थित एक प्राइवेट विद्यालय में समय लगभग 11 बजे दिन से दो अज्ञात युवक विद्यालय की बाउण्ड्री फान्दकर विद्यालय परिसर में घुस गये तथा कक्षा-9 के एक छात्र से कक्षा तीन के अशद खान पुत्र मो. इरशाद खान, निवासी मो0 दलीगढ़ी नगर पंचायत पुरवा व सदरूल्ला खान तथा जैद खान को कलास के अन्दर से बुलवा लिया और उन्हें बहला फुसलाकर विद्यालय परिसर के एकान्त सन्नाटे छोर की तरफ ले गये और जबरन उनके हाथो में इन्जेक्शन द्वारा कोई अज्ञात दवा या कोई संदिग्ध तरल पदार्थ लगा दिया और बाउण्ड्री फांदकर भाग गये।

जब विद्यालय की छुट्टी होने पर डरे सहमें अबोध बच्चों ने हाथो व शरीर में जलन व पीडा की बात घर वालों को बताई जिस पर परिजनों के होस उड़ गये तथा किसी अनहोनी आशंका से डर गये और आनन फानन पीड़ित बच्चों को लेकर सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र पहुंचे और डाक्टरों को घटना के बारे में पूरी जानकारी दी साथ ही विद्यालय प्रबन्ध को भी मामले से अवगत कराया तो वह भी तुरन्त सी.एच.सी. पहुंचे गये परन्तु अस्पताल में मौजूद डाक्टरों ने अज्ञात इन्जेक्शन या कौन सा तरल पदार्थ बच्चों को लगाया गया इसकी वह जानकारी नही दे पाये किन्तु अज्ञात तरल पदार्थ के लगाये गये इन्जेक्शन से हुई एलर्जी, जलन, की दवा देकर ब्लेड जांच कराये जाने की सलाह देकर किसी अनहोनी से इनकार भी नही किया।

अब सवाल उठता है कि विद्यालय प्रबन्ध पर यदि यही हाल रहा तो किसी दिन किसी बड़ी घटना घटने से भी इनकार नही किया जा सकता अगर देखा जाये तो बच्चों के अपहरण जैसी घटनायें इस प्रदेश के लिये बहुत छोटी घटनायें समझी जाती है परन्तु हो कुछ भी विद्यालय प्रबन्ध कमेटी की लापरवाही से विद्यालय की सुरक्षा व्यवस्था की पोल जरूर खोल दी वही नगर व क्षेत्र में आम नागरिको में बच्चों तथा अभिभावकों में एक दहसत एवं भय का महौल जरूर व्याप्त हो गया जनपद की तेज तर्रार जिलाधिकारी आदिति सिंह को लापरवाह विद्यालयों पर भी एक नजर डालने की आवश्यकता है।

रिपोर्ट – मोहम्मद अहमद

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