स्वच्छ भारत मिशन के तहत छत्तीसगढ़ के मदरसों में भी बच्चों के लिए स्वच्छ शौचालयों का निर्माण

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प्रतीकात्मक

रायपुर/छत्तीसगढ़ ब्यूरो: प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के स्वच्छ भारत मिशन के तहत छत्तीसगढ़ के मदरसों में भी बच्चों के लिए स्वच्छ शौचालयों का निर्माण किया जाएगा। राज्य में इस वक्त 316 मदरसे संचालित हो रहे हैं, जिनमें 744 शिक्षक कार्यरत हैं। विद्यार्थियों की संख्या लगभग बीस हजार है। मुख्य सचिव श्री विवेक ढांड की अध्यक्षता में आज यहां मंत्रालय में अल्पसंख्यक कल्याण के लिए प्रधानमंत्री के नवीन 15 सूत्रीय कार्यक्रमों की राज्य स्तरीय समीक्षा बैठक हुई, जिसमें श्री ढांड ने नगरीय प्रशासन विभाग के अधिकारियों को मदरसों में अगले तीन माह के भीतर शौचालय निर्माण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

बैठक में मदरसों के शिक्षकों के नियमित वेतन भुगतान, मदरसों के आधुनिकीकरण, उनमें संचालित मिडिल स्कूलों में बच्चों के लिए कम्प्यूटर सुविधा, अल्पसंख्यक छात्रवृत्ति, गणवेश और पाठ्यपुस्तक वितरण, कौशल उन्नयन सहित विभिन्न विषयों पर चर्चा की गई। मुख्य सचिव ने कहा कि मदरसों में गणवेश और पाठ्यपुस्तकों का वितरण अनिवार्य रूप से किया जाए। बैठक में केन्द्रीय अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय के बहुक्षेत्रीय कार्यक्रम के अंतर्गत जशपुर जिले के पांच विकासखण्डों के लिए एक करोड़ 17 लाख 75 हजार रूपए की प्रस्तावित कार्य योजना का अनुमोदन किया गया।

मुख्य सचिव ने बैठक में ही प्रदेश के चार जिलों के कलेक्टरों से अल्पसंख्यक समुदायों के लिए संचालित योजनाओं के बारे में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए जानकारी ली। कलेक्टर जशपुर ने उन्हें बताया कि जशपुर जिले के पांच विकासखण्ड-जशपुर, मनोरा, दुलदुला, कांसाबेल और कुनकुरी में क्षेत्र के विकास के लिए बहुक्षेत्रीय विकास कार्यक्रम के अंतर्गत 28 करोड़ 84 लाख 79 हजार की राशि के 751 कार्य स्वीकृत किए गए। इनमें से 295 कार्य पूर्ण किये जा चुके है और 164 कार्य प्रगति पर है। बैठक में बताया गया कि राज्य के स्कूलों में 488 उर्दू शिक्षकों के पद स्वीकृत हैं। इनमें से 288 उर्दू शिक्षक कार्यरत है। मुख्य सचिव ने शेष उर्दू शिक्षकों के रिक्त पदों को शीघ्र भरें जाने के निर्देश दिए। बैठक में रायपुर, दुर्ग, सरगुजा और जशपुर जिले के कलेक्टरों से विडियों कान्फ्रेसिंग के जरिये अल्पसंख्यक कार्यक्रम क्रियान्वयन की समीक्षा की गई।

बैठक में आदिम जाति कल्याण विभाग की विशेष सचिव रीना बाबा साहेब कंगाले ने प्रस्तुतिकरण के जरिये पिछली बैठक में लिए गए निर्णयों का पालन प्रतिवेदन और अल्पसंख्यको के कल्याण के लिए नवीन 15 सूत्रीय कार्यक्रमों की जानकारी दी। राज्य मदरसा बोर्ड के अध्यक्ष मिर्जा एजाज बेग, राज्य उर्दू अकादमी के अध्यक्ष अकरम कुरैशी और अन्य कई सदस्य उपस्थित थे। उच्च शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव सुनील कुजूर, वित्त विभाग के प्रमुख सचिव अमिताभ जैन, सचिव स्कूल शिक्षा विकासशील, सचिव समाज कल्याण सोनमणि बोरा, पुलिस महानिदेशक ए.एन. उपाध्याय, संचालक लोक अभियोजन एम.डब्ल्यू. अंसारी, संचालक संस्थागत वित्त डॉ. कमलप्रीत सिंह सहित अनेक अधिकारी मौजूद थे।

रिपोर्ट- हरदीप छाबड़ा

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