CRPF जवान की मौत पर छिड़ी है बहस

0
213

CRPF
बेगूसराय : बरौनी प्रखंड के हाजीपुर गांव के निवासी व CRPF जवान जीतेन्द्र मलिक की मौत श्रीनगर में दुर्घटना में या वह आतंकी हमले में शहीद हो गया, इसका जवाब ढूंढने में परिवार के लोग ही नहीं गांव वाले भी लगे हैं | माना जा रहा है कि इस रहस्य से पर्दा तब उठ सकेगा जब उसका शव यहां पहुंचेगा | जितेंद्र की मौत की खबर मिलते ही रविवार को सुबह से ही लोग उसके घर पर जाकर जवान के भाई और मां को ढाढ़स बंधाने में लगे हुए हैं | परिवार से लेकर ग्रामीण तक जितेंद्र को शहीद बता रहे हैं, शहीद जितेन्द्र मलिक के बड़े भाई राजेश और उसकी मां के साथ ग्रामीणों ने जितेन्द्र मलिक की मौत की जांच करवाने की मांग की है, उन लोगों का कहना जितेन्द्र मलिक की मौत का स्पष्ट कारण CRPF ने नहीं बताया है, जितेन्द्र मलिक के पिता भी वतन की हिफाजत करते हुए शहीद हुए थे और अनुकंपा पर 2014 में जितेन्द्र मलिक को नौकरी मिली थी, जितेन्द्र मलिक की मां ने वतन के लिए अपना पति भी खोया और पुत्र भी खोया है, शहीद जीतेन्द्र की मां कह रही थी मैं और बेटे को भी वतन पर न्योछाबर होने के लिए भेजने को तैयार हूं |

मगर मेरे बेटे की मौत की स्पष्ट जांच होनी चाहिए. जीतेन्द्र मलिक के घर पर सबसे पहले पहुंचने वाले संविधान बचाओ देश बचाओ के संयोजक रामकृष्ण का कहना है कि बीस घंटे से ज्यादा समय बीतने के बाद भी शहीद के घर किसी जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारी के नहीं पहुंचने को शर्मनाक है |

पारिवारिक सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार जितेंद्र का शव रविवार की शाम 6.30 बजे फ्लाईट से दिल्ली व वहां 8.30 पटना के लिए विदा किया जाएगा, पटना से शव को मोकामा CRPF CAMP लाया जाएगा. इसके बाद शव को परिजनों को सौंपा जाएगा |

हिंदी समाचार- से जुड़े अन्य अपडेट लगातार प्राप्त करने के लिए लाइक करें हमारा फेसबुक पेज और आप हमें ट्विटर पर भी फॉलो कर सकते हैं |

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here