प्राथमिक विद्यालय बेदी बना गंदगी का शिकार

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चाँदमारी/वाराणसी(ब्यूरो)- प्राथमिक विद्यालयों को लेकर प्रशासन कि लापरवाही और गैरजिम्मेदारी का जीता जागता उदाहरण विकास खंड हरहुआ के ग्राम सभा बेदी का प्राथमिक पाठशाला है । उक्त विद्यालय में चारों तरफ़ गंदगी का अम्बार लगा हुआ है ।

ग्रामीण विद्यालय में शौच करते हैं और उन्हीं गंदगी के बीच बच्चे पढ़ने को मजबूर है । एक तरफ़ जहाँ सरकार स्वच्छता को लेकर एक मुहिम छेड़ रखी है वही दूसरी तरफ़ यह विद्यालय इस मुहिम को ठेंगा दिखाने के लिये काफी है । ग्राम सभा के ही एक युवक ने नाम न छापने कि शर्त पर बताया कि विद्यालय में शिक्षकों के आने का समय भी निर्धारित नहीं है कोई 9 बजे आता है तो कोई 10 बजे के बाद । ऐसे में विद्यालय में पढ़ने वाले गरीब बच्चों के भविष्य को लेकर विद्यालय प्रशासन कि लापरवाही गम्भीर है । प्रदेश सरकार प्राथमिक विद्यालयों कि शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार करने के दावे को यह विद्यालय झूठा साबित करने के लिये पर्याप्त है ।

विद्यालय की इस समस्या के सम्बन्ध में जब प्रधानाचार्य निरंजन गोस्वामी से बात की गयी तो उन्होने बताया की रवि प्रताप सिंह और सुशील सिंह नाम के दो शिक्षक हमेशा देरी से विद्यालय आते हैं इनसे आदत में सुधार को लेकर कई बार कहने एवं विभागीय अधिकारियों से शिकायत के बावजूद भी इनकी हरकतों में कोई खास बदलाव नज़र नहीं आया । शुक्रवार को भी 9.30 बजे तक ये दोनो अध्यापक विद्यालय नही पहुँचे थे । वहीं विद्यालय में व्याप्त गंदगी और साफ सफाई के बावत पूछने पर प्रधानाचार्य ने बताया की गाँव के कुछ मनबढ़ किस्म के लोग विद्यालय में शौच कर रहे हैं जिसके लिये हमने प्रधान से शिकायत किया परंतु शौच करने वाले मानने को तैयार नहीं हैं । वहीं सफाईकर्मी भी नियमित रुप से विद्यालय की सफाई नहीं करता है और न ही हमारी बात मानता है ।

इस बाबत जब खंड शिक्षा अधिकारी डी पी सिंह से बात की गयी तो उनका कहना था की उक्त विद्यालय से ऐसी कोई शिकायत नहीं मिली है एक दो दिनों में मामले की जाँच स्वयं जाकर करूँगा और शिकायत सही पायी गयी तो कड़ी कार्रवाई की जायेगी । गंदगी के सवाल पर उन्होने कहा की अगर सफाईकर्मी साफ सफाई नहीं कर रहा तो प्रधानाचार्य को शिकायत करनी चाहिये । अध्यापकों के लेट लतीफी को उन्होने गम्भीर बताते हुए जाँच कर कार्रवाई करने की बात किये । इन सब के बीच गंदगी में बैठ कर पढ़ने वाले बच्चों के स्वास्थ्य को भी खतरा हो सकता है ।

रिपोर्ट- नागेंद्र कुमार यादव

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