पंडित दीनदयाल उपाध्याय जनशताब्दी अंत्योदय मेला का दूसरा दिन रहा फ्लॉप

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मुसाफिरखाना/अमेठी (ब्यूरो)-  पं.दीनदयाल उपाध्याय जी के जन्म शताब्दी वर्ष के अन्तर्गत आज दूसरे दिन ब्लाक मुसाफिरखाना मे तीन दिवसीय अन्त्योदय मेला एवं प्रदर्शनी का आयोजन किया गया । कार्यक्रम के दौरान यह देखा गया कि आस-पास से आये लोगों को विभागीय स्टालों के माध्यम से जनकाल्याणकारी योजनाओं की जानकारी देने की बात बेमानी साबित हो रही है। अन्त्योदय मेला एवं प्रदर्शनी में सूचना विभाग द्वारा पं.दीन दयाल उपाध्याय के जीवन दर्शन से सम्बन्धित चित्र प्रदर्शनी सहित, स्वास्थ्य विभाग, ग्राम्य विकास, कृषि, पंचायतीराज, पशुपालन, सहकारिता ,उद्यान, बाल विकास, लघु सिचाई, दिव्यांग कल्याण, समाज कल्याण आदि विभागों को स्टाल लगाकर लोगो को सरकारी योजनाओे की जानकारी देने की वयवस्था है  लेकिन मेले के दूसरे दिन विभागीय अधिकारियो द्वारा कार्य में लापरवाही की वजह से पूर्णतया असफल दिखाई दिया वही सूचना विभाग द्वारा मेला में आए आम जनमानस में पं0 दीनदयाल उपाध्याय जी के जीवन परिचय से संबंधित किताबें व कैलेण्डर निःषुल्क वितरित किया गया।

पूरे कार्यक्रम के दौरान यह कह लीजिये की 2 बजकर 30 मिनट तक कार्यक्रम में ऐ डी ओ समाज कल्याण अवधेश मिश्रा और ऐ डी ओ पंचायत रामजी मिश्रा , सूचना विभाग की टीम को छोड़कर कोई अधिकारी कार्यक्रम में दिखाई नहीं दिया जिसकी गावह खुद खाली पड़ी खुशिया वयां कर रही है। खंड विकाश के कुछ कर्मचारियों से इस वावत पूछा गया तो पता चला कि खण्ड विकास अधिकारी नजमा सिद्दकी गौरीगंज गई है। योगी जी भले ही कितनी कोशिश क्र ले यह अधिकारी है की सुधारने का नाम ही नहीं ले रहे है शायद अधिकारी कर्मचारी यैसे ही उ0 प्र0 सरकार का सपना सबका साथ सबका विकास पूरा करेगें। जब की सरकार की पूरी कवायद है की सभी विभागों के जिले स्तर के अधिकारी अंत्योदय मेले में प्रतिभाग करे तथा अपने अपने बिभागो में सरकार द्वारा प्रदत्त जनकल्याणकारी योजनाओ को जनता तक पहुचाये जिससे आम जनमानस लाभान्वित हो सके लेकिन शायद अधिकारियो कर्मचारियों ने यैसा न करने का मन बना लिया है यैसा प्रतीत होता है।

प्रेसनोट के माध्यम से जिला सूचना अधिकारी शिव दर्शन यादव ने बताया कि अन्त्योदय मेला व प्रदर्षनी मे जनपद के विभिन्न विभाग बढ़-चढ़ कर हिस्सा ले रहे है। सूचना एवं जनसम्पर्क विभाग उ0प्र0 द्वारा भेजे गये सांस्कृतिक दलों ने सरकार की नीतियों सबका साथ सबका विकास एवं स्वच्छता, साक्षरता, स्वास्थ्य, दहेज उत्पीड़न आदि के सम्बन्ध में लोकगीत के माध्यम से ग्रामीणों को जागरूक किया गया। कार्यक्रम के दौरान एक गोष्ठी कर स्वच्छ भारत मिषन के अन्तर्गत खुले में षौच करने से होने वाली बीमारियों की चर्चा करने के साथ-साथ षौचालय निर्माण पर भी जोर दिया गया।

रिपोर्ट- अक्षय प्रताप यादव

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