शस्त्र लाइसेंस धारियों की सुरक्षा को ठेंगा दिखा रही पुलिस

0
99
Representative

अमेठी। चुनाव की आड़ में पुलिस जबरदस्ती शस्त्र जमा करवा लेती है जब क़ि बहुत से असलहा धारियों के जीवन को खतरा उत्पन्न हो जाता है। बहुत से शस्त्र धारक अपराध पीड़ित भी है पुलिस उनकी सुरक्षा को भी नजरअंदाज करती है। वही दूसरी तरफ जो रसूखदार नेता हैं या फिर दबंग किस्म के ठेकेदार उनके असलहे जमा करने के नज़्म पर कन्नी काटती है कि कही साहब गुस्सा न हो जाय।

हाई कोर्ट ने अपने एक आदेश में सस्पस्ट लिखा है की वे लोग जिनके जान को खतरा है का शस्त्र उनके मर्जी के बिना कतई न जमा कराये जाये। मजे की बात यह है कि पुलिस असलहा धारियों को रशीद दे देती है जिस पर लिखा होता है मै अपनी मर्जी से शस्त्र जमा कर रहा हूँ यह रशीद पुलिस तब देती है जब असलहा उसके कब्जे में आ जाता है। जानकारों का कहना है कि ज्यादातर अपराध अवैध असलहो से होते है शायद ही कोई घटना हो जिसमे लाइसेंसी असलहे का प्रयोग हुआ हो। तब ऐसी जबरदस्ती पुलिस क्यों करती है।

अब जब चुनाव संपन्न हो चूका है तो असलहा धारी थाने का चक्कर लगा रहे है कि उनका शस्त्र वापस कर दिया जाये तो पुलिस बता रही है की जब आदेश मिलेगा तो वापस किया जायेगा। अब सवाल यह उठता है की क्या पुलिस किसी अनहोनी होने का इंतजार कर रही है। लोगो के सुरक्षा के साथ खिलवाड़ क्यों हो रहा है यह कौन बताएगा।

रिपोर्ट- हरि प्रकाश यादव

हिंदी समाचार- से जुड़े अन्य अपडेट लगातार प्राप्त करने के लिए लाइक करें हमारा फेसबुक पेज और आप हमें ट्विटर पर भी फॉलो कर सकते हैं |

NO COMMENTS

LEAVE A REPLY