रंगदारी मामले में रूद्रा व यासिर को एसटीएफ ने दबोचा

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देहरादून –  रूडकी के व्यवसायी से रंगदारी मांगने व धमकाने के मामले में एसटीएफ ने जेल में बंद कुख्यात अपराधी अनुभव वशिष्ठ के भाई रुद्राक्ष वशिष्ठ व उसके साथी यासिर को गिरफ्तार किया है। मिली जानकारी के अनुसार संगठित अपराध के विरुद्ध कार्यवाही करते हुए एसटीएफ टीम द्वारा जेल में बंद कुख्यात अपराधी अनुभव वशिष्ठ के भाई रुद्राक्ष वशिष्ठ व उसके साथी यासिर को रूडकी के व्यवसायी से रंगदारी मांगने व धमकाने के मामले में गिरफ्तार किया है।

मिली जानकारी के अनुसार 27 जनवरी को सिविल लाइन कोतवाली रूडकी पर वादी राजन जौहर द्वारा अज्ञात फोन कॉल कर नरेन्द्र बाल्मीकी के नाम से 50 लाख रुपए रंगदारी मांगने व जान से मारने की धमकी के सम्बन्ध में मुकदमा दर्ज कराया गया था। मामला संवेदनशील एवं संगठित अपराध से जुड़ा होने के दृष्टिगत वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एसटीएफ रिधिम अग्रवाल द्वारा वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, हरिद्वार के साथ समन्वय स्थापित करते हुये एसटीएफ व जनपद पुलिस को मामले की जाँच हेतु नियुक्त किया गया।

टीम द्वारा जिसमें अपने स्रोतों के दौरान पाया गया कि उपरोक्त रंगदारी मांगने की साजिश हरिद्वार कारागार में निरुद्ध कुख्यात अपराधी अनुभव वशिष्ठ द्वारा अपने साथ अन्य मामलों में निरूद्ध रहे साथी अभियुक्त यासिर निवासी रूडकी व अपने छोटे भाई रुद्राक्ष वशिष्ठ को शामिल किया गया। उल्लेखनीय है कि अभियुक्त अभिनव वशिष्ठ रूडकी जेलर हत्याकांड एवं जेल गैंगवार हत्याकांड आदि मामलों में आरोपी है, तथा वर्तमान में हरिद्वार कारागार में निरूद्ध है।

अपराधियों द्वारा रची गई योजना के अनुसार रुद्राक्ष के द्वारा भ्रमित करने हेतु देहरादून जेल के नजदीक से फिरौती हेतु हरिद्वार निवासी व्यवसायी को फोन कॉल की गयी थी। एसटीएफ टीम लगातार रुद्राक्ष वशिष्ठ को गिरफ्तार करने के लिए प्रयासरत थी। बुधवार को टीम को रुद्राक्ष वशिष्ठ के सह अभियुक्त यासिर से रूडकी आकर मिलने की सूचना प्राप्त हुई थी, इस पर तत्काल कार्यवाही करते हुए टीम द्वारा रुड़की कोतवाली पुलिस के साथ रुद्राक्ष वशिष्ठ व यासिर उपरोक्त को गिरफ्तार किया गया ।
पूछताछ पर अभियुक्त रुद्राक्ष ने बताया कि, उसका भाई अनुभव वशिष्ठ जो कि हत्या के कई मामलों में हरिद्वार जेल में निरुद्ध है, द्वारा यासिर पुत्र यामीन निवासी रूडकी के माध्यम से व्यवसायी को फोन कर पचास लाख रुपए की रंगदारी मांगने हेतु सन्देश भेजा था। इस कार्य की योजना में यासिर उर्फ सोनू, आंचल, आरती व अमित नाम के व्यक्तियों ने सहयोग किया था।

एसटीएफ टीम में निरीक्षक विनोद सिंह गुंसाई, उप० नि० आशुतोष राणा, उप०नि० अमन चड्ढा, हे०का० राजेश मलिक, हे०का० हितेश कुमार, का० संजय कुमार, का० महेंदर नेगी, का० कैलाश नयाल, का० अनिल कुमार, का० सुधीर केसला ओर का० वीरेंदर नौटियाल शामिल थे।

सराहनीय कार्य हेतु अपर पुलिस महानिदेशक, अपराध एवं कानून व्यवस्था,उत्तराखण्ड अशोक कुमार द्वारा टीम को पांच हजार रुपए तथा वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, उत्तराखण्ड रिधिम अग्रवाल द्वारा टीम में शामिल कार्मिकों को ढाई हजार रुपए के नगद पुरस्कार से पुरस्कृत करने की घोषणा की गई है।

गिरफ्तार अभियुक्तों के नाम पता एवं आपराधिक इतिहास –

1-  रुद्राक्ष वशिष्ठ पुत्र अवधेश वशिष्ठ निवासी मंडी मोलगंज नगीना उत्तर प्रदेश मु०अ०स० 45/18 भा०द०वि० 386/506 भादवि थाना कोतवाली रूडकी 2-  यासिर पुत्र यामीन निवासी ग्रीन पार्क कॉलोनी रामनगर चुंगी रूडकी 1- मु०अ०स० 45/18 भा०द०वि० 386/506 भादवि थाना कोतवाली रूडकी
2-मु०अ०स० 527/17 भा०द०वि० 420,354, 509, 504, 506, 341 भादवि 3-मु०अ०स० 573/17 गुंडा अधि० 2/3 थाना कोतवाली ज्वालापुर

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