सभी अधिकारियों को सप्ताह में कम से कम तीन ग्रामों का निरीक्षण कर आख्या उपलब्ध कराये जिलाधिकारी

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मैनपुरी (ब्यूरो)-
मुख्यमंत्री जी की प्राथमिकता वाले कार्यक्रमों की समीक्षा बैठक से नदारद, रोस्टर के अनुसार निरीक्षण न करने पर जिला कृषि रक्षा अधिकारी, खादी ग्रामोधोग अधिकारी, एआर कोआपरेटिव, रामगंगा कमाण्ड के अधिकारी का आज का वेतन रोके जाने, राज्य वित्त, 14 वे वित्त की धनराशि से जल निकासी, ग्राम के मुख्य मार्ग पर खड़़जा, नाली, पीने के पानी के कार्य प्राथमिकता से कराये जाने, आम रास्ते के किनारे स्थित विद्यालय, पंचायत भवन, पर ग्राम विकास अधिकारी, ग्राम पंचायत अधिकारी, सफाई कर्मी, आंगनवाड़ी कार्यकत्री, एएनएम, लेखपाल के नाम एवं मोबाइल नम्बर भ्रमण तिथि पंजीरी वितरण, सफाई का रोस्टर, लिखकर फोटोग्राफ उपलब्ध कराये जाने, सभी अधिकारियों को सप्ताह में कम से कम तीन ग्रामों का निरीक्षण कर आख्या उपलब्ध कराये जाने, सभी विकास खण्डों पर खराब टयूबेल, ट्रान्सफार्मर की नलकूप संख्या सहित पंजिका में अध्यावधिक रखने के निर्देश दिये हैं।

जिलाधिकारी यशवंत राव ने असन्तोष व्यक्त करते हुए कहा कि विश्व में मंगोलिया को छोड़कर सबसे ज्यादा बच्चे भारत में कुपोषण से ग्रसित हैं हमारे पास सभी संसाधन उपलब्ध हैं फिर बच्चों को कुपोषण से निजात नहीं मिल रहा है जो कि शर्मनाक है कुपोषण से ग्रसित बच्चा पूरी उम्र बीमारी से घिरा रहता है इस कार्य में लगे सभी अधिकारी पूरी जिम्मेदारी से कार्य करें बाल स्वास्थ्य गारंटी योजना के तहत रोस्टर तैयार कर स्वास्थ्य, बाल विकास, बेसिक शिक्षा, पंचायती राज विभाग एक साथ गांव पहुंच कर बच्चों का स्वास्थ्य परीक्षण करायें, साफ-सफाई कराये जाने, लोगों में खुले में शौच, गन्दगी से सेहत पर पड़ने वाले दुष्परिणामों के बारे में बतायें।

उन्होंने असन्तोष व्यक्त करते हुए कहा कि गांव के भ्रमण के दौरान अधिकांश ग्रामों में खड़जे पर जानवर बंधे मिले कई स्थानों पर दबंगों ने हैडपम्पों पर समर डालकर कब्जा कर लिया है धड़ल्ले से कटिया डाल कर बिजली चोरी की जा रही है ग्रामों में गंन्दगी व्याप्त है सफाई कर्मी सफाई करता ही नही फिर भी विभागीय अधिकारियों द्वारा किसी के विरूद्व कार्यवाही नही की जा रही है कटिया पर अवर अभियंता विद्युत, हैडपम्प में समर व सफाई न होने पर सचिव, ग्राम पंचायत अधिकारी के विरूद्व दण्डात्मक कार्यवाही होनी चाहिये।

श्री राव ने जिला विकास अधिकारी को निर्देशित किया कि वह सुनिश्चित करें कि विकास भवन में स्थित किसी भी कार्यालय में अधिकारी 12 बजे के बाद आफिस में न रहंे वह प्रतिदिन क्षेत्र के भ्रमण पर जायें अपने विभागीय कार्यो के साथ-साथ अन्य विभागों के कार्य भी देखें, जहां कोई कमी मिलें संज्ञान में लायें। उन्होंने जिला पंचायतराज अधिकारी को निर्देशित किया कि वह प्रतिदिन दो ग्राम जहां ओडीएफ होना है वहां जिला समन्वयकों को भेजें और निरीक्षण आख्या सीडीओ को उपलब्ध करायें उन्होंने समीक्षा में पाया कि अभी विकास खण्ड किशनी में 77 एवं सुल्तानगंज में 76 हैडपम्प रिबोर होना शेष हैं उन्होंने सम्बन्धित खण्ड विकास अधिकारियों कोे सचेत करते हुए कहा कि सर्वोच्च प्राथमिकता पर शेष हैडपम्पों को रिबोर करायंे अन्यथा कार्यवाही होगी। उन्होंने चश्मा वितरण में पाया कि 1851 लक्ष्य के सापेक्ष अभी तक मात्र 54 चश्मा वितरित हुए हैं जननी सुरक्षा योजना, टीकाकरण, की भी स्थिति संन्तोषजनक नहीं है। उन्होंने मुख्य चिकित्सा अधिकारी को प्रगति सुधारने के निर्देश दिये। उन्होेंने समस्त प्रकार की पेंशन के लाभार्थियों के आधार कार्ड लिंकेज शतप्रतिशत न होने पर भी असन्तोष व्यक्त किया।

बैठक में मुुख्य चिकित्सा अधिकारी, जिला विकास अधिकारी, परियोजना निदेशक , जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी, आर्चाय टीपी सेन्टर, अधिशाषी अभियंता विद्युत, जलनिगम, लोकनिर्माण, जिला समाज कल्याण अधिकारी सहित सम्बन्धित अधिकारी उपस्थित रहे।

रिपोर्ट- दीपक शर्मा

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