मंदिर प्राण प्रतिष्ठा बना हिंदू-मुस्लिम एकता की मिसाल

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बरवाअड्डा(ब्यूरो)- एक और जहां पूरे देश में संप्रदायिक सौहार्द खत्म होने के कगार पर है। वंही आज भी कई ऐसे लोग हैं जो अपनी एकता प्रदर्शित कर मिसाल कायम कर रहे हैं। ऐसा ही नजारा बुधवार को बरवाअड्डा थाना क्षेत्र के मुर्राडीह गांव में देखने को मिला जिसमें शिव मंदिर प्राण प्रतिष्ठा समारोह को लेकर बुधवार को भव्य कलश यात्रा निकाला गया। कलश यात्रा मंदिर प्रांगण से होते हुए विभिन्न टोलों का भ्रमण करते हुए जोरिया नदी तक पहुंचा। वहां पर पुरोहित द्वारा वैदिक मंत्रोच्चार के बीच कलश में जल भरा गया पुनः जल यात्रा मंदिर में आकर समाप्त हुई।

इस दौरान जलयात्रा में आकर्षक झांकी बैंड बाजा एवं शिव के जयकारे से गूंजता रहा पूरा माहौल। इसके बाद पुरोहितों द्वारा विधिवत पूजा प्रारंभ की गई मंदिर समिति के लोगों ने बताया कि तीन दिनों तक चलने वाले इस समारोह में प्रथम दिन जल यात्रा, द्वितीय दिन अन्नप्राशन प्राण प्रतिष्ठा एवं तीसरे दिन हवन के साथ ही इसकी पूर्णाहुति की जाएगी। साथ ही भव्य भंडारे का भी आयोजन किया जाएगा।

एकता का मिसाल बना मुर्राडीह गांव-

इस समारोह का सबसे मुख्य आकर्षण एवं चर्चा का विषय रहा। वह यह था कि गांव के ही दर्जनों मुस्लिम युवक जलयात्रा में साथ- साथ चल रहे थे और भक्तों को हर वह सुविधा प्रदान कर रहे थे जिसकी उन्हें जरूरत थी इस संबंध में मुस्लिम टोला के युवा समसुल हक, शमीम अंसारी, कोसर, इसाक अंसारी, शमशेर अंसारी सिद्धिक अंसारी सहित दर्जनों मुस्लिम युवकों ने बताया कि हम लोग वर्षों से एक साथ मिलकर रहते आए हैं फिर यह तो हमारे गांव की एक अनुष्ठान की बात है| यदि हम लोग एक दूसरे का साथ नहीं देंगे तो कोई बाहर वाला फायदा उठा लेगा मालूम हो कि करीब 1 माह पूर्व भी इसी गांव के एक युवक को कुछ असामाजिक तत्वों ने प्रतिबंधित मांस का कारोबार करने के आरोप में खदेड़ के पकड़ कर पुलिस के हवाले कर दिया था। जिससे दोनों संप्रदायों के बीच तनावपूर्ण माहौल हो गया था पर दोनों संप्रदाय के प्रबुद्ध लोगों द्वारा कोई प्रतिक्रिया न देते हुए आपसी भाईचारे के साथ इस मुद्दे को गोन कर दिया। वहीं रही सही कसर युवकों ने आज चल जात्रा में शामिल हो आपसी सौहार्द का जो मिसाल कायम किया है वह कई वर्षों तक याद रखा जाएगा।

रिपोर्ट- संतोष कुमार राय

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