हमने, पारदर्शी प्रक्रियाएं दी, कार्य में देरी को दूर किया और कारोबार करने में सुगमता लाये : श्री जावड़ेकर

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http://medicalertraining.com/owner/816-avtobus-raspisanie.html 816 автобус расписание The Minister of State for Environment, Forest and Climate Change (Independent Charge), Shri Prakash Javadekar addressing the press conference, in Bangalore on October 20, 2015.

http://florada.pro/mail/karta-komsomolskogo-rayona-ivanovskoy.html карта комсомольского района ивановской केंद्रीय पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री श्री प्रकाश जावडेकर ने आज यहां एक वक्‍तव्‍य में कहा-“हमने, पारदर्शी प्रक्रियाएं उपलब्‍ध कराई, कार्य में देरी को दूर किया और कारोबार करने में सुगमता लाये है। अब, हमारा जोर अनुपालन पर होगा।”

इस उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय ने फैसला किया है कि मंत्रालय के 20 संयुक्त सचिव/ संयुक्त सचिव स्तर के अधिकारी, व्यापक पर्यावरण प्रदूषण सूचकांक (सीईपीआई) पर आधारित अत्यधिक प्रदूषित क्षेत्रों (सीएपी) में प्रदूषण को कम करने के लिए कार्य योजना के प्रभावी कार्यान्वयन के लिये आकलन तथा आवधिक समीक्षा करेंगे। इन संयुक्त सचिव स्तर के अधिकारियों को क्षेत्र का दौरा करने और प्रदूषण नियंत्रण के लिए प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए सीपीसीबी के साथ समन्वय कर तीन महिने में कम से कम एक बार प्रगति की समीक्षा करने के निर्देश दिए गए हैं। वे इन सीएपी में कार्य योजना के कार्यान्वयन प्रगति की निगरानी भी करेंगे और कमियों के बारे में मंत्रालय को सूचित करेंगे तथा उचित कार्रवाई के लिये केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) और राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (एसपीसीबी) को रिपोर्ट सौपेंगे।

http://kkfa.ru/owner/kak-pomenyat-tormoznie-kolodki-na-grante.html как поменять тормозные колодки на гранте 2009-10 में, केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) और भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान(आईआईटी), दिल्ली द्वारा संयुक्त रूप से 88 प्रमुख औद्योगिक क्‍लस्‍टर्स का व्यापक पर्यावरणीय मूल्यांकन किया गया था। इन 88 औद्योगिक क्‍लस्‍टर्स में से व्यापक पर्यावरण प्रदूषण सूचकांक (सीईपीआई) पर 70 के ऊपर स्‍कोर के साथ 43 औद्योगिक क्‍लस्‍टर्स को अत्यधिक प्रदूषित क्षेत्रों (सीएपी) के रूप में चिन्हित किया गया। राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (एसपीसीबी) ने सीपीसीबी और राष्ट्रीय स्तर के विशेषज्ञों की तकनीकी समीक्षा समिति के साथ परामर्श कर सभी 43 सीएपी के लिए सुधारात्मक कार्य योजनाएं तैयार की। इन कार्य योजनाओं से संबंधित सीएपी के विभिन्न पर्यावरणीय मुद्दों को निवारण किया और वर्तमान में कार्यान्वयन के विभिन्न चरणों में हैं।

http://bf-online.ru/priority/ponyatie-sovmestnoe-prozhivanie-semi-v-rk.html понятие совместное проживание семьи в рк पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय ने पर्यावरण मंजूरी के लिए पाइप लाइन में पड़ी परियोजनाओं सहित ऐसे 43 सीएपी में विकास परियोजनाओं पर विचार – विमर्श करने पर 13-10-2015 से अस्थायी रोक लगा दी थी। बाद में, तैयार कार्य योजना के कार्यान्वयन की दिशा में किये गये कार्यों और / या सीईपीआई स्कोर के आधार पर चरणबद्ध तरीके से 28 सीएपी से रोक हटा ली गयी। वर्तमान में, 7 सीएपी पर रोक लागू है और 8 अन्य सीएपी पर फिर से रोक लगाने का मामला ठंडे बस्ते पड़ा है।

понятие состав и виды уголовно правовых отношений Source – PIB